राजुरा/चंद्रपुर: महाराष्ट्र राज्य मराठी पत्रकार संघ, मुंबई (शाखा राजुरा) द्वारा एक निवेदन जारी कर वरिष्ठ पत्रकार श्री रमेश निषाद को अश्लील शब्दों में गाली-गलौज करने और जान से मारने की धमकी देने की घटना का तीव्र निषेध किया गया है।
निवेदन में कहा गया है कि लोकतांत्रिक शासन प्रणाली में पत्रकारिता को “चौथा स्तंभ” माना जाता है। पत्रकार समाज में व्याप्त सामाजिक और राजनीतिक समस्याओं को उजागर कर लोकतंत्र को मजबूत करने का महत्वपूर्ण कार्य करते हैं। समाज प्रबोधन और जनजागृति का कार्य निरंतर पत्रकारों द्वारा किया जाता है।
पत्रकार संघ ने अपने निवेदन में कहा है कि समाज में अवैध कार्यों जैसे अवैध रेत तस्करी, अवैध शराब बिक्री, सट्टा-मटका जैसे मामलों को उजागर करने वाले पत्रकारों को गाली-गलौज करना, मारपीट करना और जान से मारने की धमकी देना चिंताजनक है। शासन द्वारा पत्रकार सुरक्षा कानून होने के बावजूद ऐसी घटनाएँ सामने आना गंभीर विषय है।
दिनांक 02 फरवरी 2026 को बल्लारपुर में वरिष्ठ पत्रकार श्री रमेश निषाद को रास्ते में रोककर अवैध यादव नामक व्यक्ति द्वारा अश्लील शब्दों में गाली-गलौज कर जान से मारने की धमकी दिए जाने की घटना सामने आई है। इस संबंध में शिकायत बल्लारपुर विधानसभा क्षेत्र के आमदार श्री सुधीर मुनगंटीवार, जिलाधिकारी चंद्रपुर तथा जिला पुलिस अधीक्षक चंद्रपुर को दी गई है, परंतु अभी तक ठोस कार्रवाई होती दिखाई नहीं दे रही है।
पत्रकार संघ ने कहा है कि पत्रकारों को धमकी देना लोकतंत्र की हत्या के समान है। ऐसी समाजविघातक प्रवृत्तियों पर कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए। दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएँ और पत्रकारों को सुरक्षा प्रदान की जाए।
महाराष्ट्र राज्य मराठी पत्रकार संघ, मुंबई (शाखा राजुरा) ने इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए दोषियों पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।